FILE PHOTO: Lai Ching-te, Taiwan's vice president and the ruling Democratic Progressive Party's (DPP) presidential candidate, speaks during a press conference in Taipei, Taiwan November 20, 2023. REUTERS/Carlos Garcia Rawlins/File photo
ताइवान सरकार ने गिरती जन्मदर को संभालने के लिए एक बड़ा और चौंकाने वाला कदम उठाया है। अब वहां बच्चा पैदा करने पर माता-पिता को करीब 6 लाख रुपये यानी लगभग 6700 अमेरिकी डॉलर की वित्तीय सहायता दी जाएगी। यह योजना पहले से लागू थी, लेकिन सब्सिडी की रकम को दोगुना कर दिया गया है ताकि लोग अधिक बच्चों के जन्म के लिए प्रेरित हों।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ताइवान में पहले आईवीएफ (इन विट्रो फर्टिलाइजेशन) के जरिए बच्चा पैदा करने पर लगभग 3330 डॉलर की सब्सिडी मिलती थी। लेकिन अब सरकार ने इसे बढ़ाकर सीधे 6700 डॉलर करने का प्रस्ताव रखा है। जल्द ही इसे कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद लागू कर दिया जाएगा।
ताइवान हेल्थ प्रमोशन एडमिनिस्ट्रेशन (HPA) के महानिदेशक शेन चिंग-फेन ने बताया कि नए प्रावधान के तहत दूसरे से लेकर छठे उपचार चक्र तक के लिए भी सब्सिडी पहले चक्र के बराबर कर दी जाएगी। इसका मतलब है कि अगर किसी दंपति को सफल गर्भधारण के लिए कई चक्र से गुजरना पड़ता है, तो भी उन्हें अधिकतम वित्तीय मदद मिलती रहेगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि ताइवान में जन्मदर दुनिया में सबसे कम में से एक है। यहां कई दंपति आर्थिक दबाव, करियर प्राथमिकताओं और सामाजिक कारणों की वजह से बच्चे पैदा करने से हिचकिचाते हैं। इस वजह से सरकार को जनसंख्या स्थिर रखने के लिए नई नीतियां अपनानी पड़ रही हैं।
आईवीएफ प्रक्रिया से गुजरने वाले अधिकतर मरीजों को कम से कम दो चक्र पूरे करने पड़ते हैं, जो काफी महंगा होता है। नई सब्सिडी नीति से इनका आर्थिक बोझ काफी कम होगा। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस कदम से अधिक दंपति बच्चा पैदा करने के लिए प्रेरित होंगे और देश की घटती जन्मदर पर रोक लग सकेगी।
अगर इस योजना को कैबिनेट से हरी झंडी मिल जाती है, तो ताइवान दुनिया के उन गिने-चुने देशों में शामिल हो जाएगा, जहां बच्चे के जन्म पर इतनी बड़ी सरकारी वित्तीय सहायता दी जाती है। जनसंख्या विशेषज्ञ मानते हैं कि यह नीति आने वाले समय में एशिया के अन्य देशों के लिए भी एक मॉडल बन सकती है।